Showing posts with label तेजश्वी यादव. Show all posts
Showing posts with label तेजश्वी यादव. Show all posts

Thursday, May 31, 2018

4 लोकसभा, 10 विधानसभा सीटों के उपचुनावों का FINAL RESULT


4 लोकसभा, 10 विधानसभा सीटों के उपचुनावों का FINAL RESULT
उपचुनाव के नतीजे घोषित
देश के 10 राज्यों की 4 लोकसभा और 10 विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनावों के नतीजे गुरुवार को घोषित हुए. इन उपचुनावों में भारतीय जनता पार्टी को बड़ा झटका लगा है. बीजेपी सिर्फ दो सीटों पर जीत दर्ज कर पाई, जबकि कई जगह उसे मुंह की खानी पड़ी.
इन सीटों में से सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण उत्तर प्रदेश की कैराना लोकसभा सीट, महाराष्ट्र की पालघर और उत्तर प्रदेश की ही नूरपुर विधानसभा सीट थीं. इसमें कैराना और नूरपुर में एकजुट विपक्ष के आगे बीजेपी ने घुटने टेक दिए. इन 14 सीटों के अलावा महाराष्ट्र की एक सीट पर निर्विरोध रूप से कांग्रेस उम्मीदवार ने जीत दर्ज की. इन उपचुनाव नतीजों को 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले एक बड़े संदेश के रूप में देखा जा रहा है.
सभी 14 सीटों पर हुए उपचुनाव में किसने जीत दर्ज की है, यहां पढ़ें....
लोकसभा सीटें...
1. उत्तर प्रदेश: बहुचर्चित कैराना लोकसभा सीट पर रालोद उम्मीदवार तबस्सुम हसन ने बड़ी जीत हासिल की है. तबस्सुम को 481182 वोट मिले. वहीं, बीजेपी की उम्मीदवार मृगांका सिंह को 436564 वोट मिले हैं. तबस्सुम ने 44618 वोट के अंतर से जीत दर्ज की है. रालोद उम्मीदवार तबस्सुम को सपा, बसपा, आम आदमी पार्टी, कांग्रेस समेत समूचे विपक्ष का समर्थन प्राप्त था.
2. महाराष्ट्र : गोंदिया-भंडारा लोकसभा सीट पर एनसीपी उम्‍मीदवार मधुकर कुकड़े ने जीत दर्ज की है. मधुकर को 442213 वोट मिले हैं. वहीं, बीजेपी के उम्‍मीदवार हेमंत पटले को 384116  वोट मि‍ले हैं. एनसीपी ने 48097 वोटों के अंतर से जीत हासिल की है.
3. महाराष्ट्र : पालघर लोकसभा सीट पर भारतीय जनता पार्टी का मुकाबला अपनी ही साथी शिवसेना से था. यहां पर बीजेपी के उम्मीदवार राजेंद्र गावित ने करीब 29 हज़ार वोटों से जीत दर्ज की. शिवसेना ने भाजपा के दिवंगत सांसद चिंतामण वनगा के बेटे श्रीनिवास वनगा को अपना उम्मीदवार बनाया था.
4. नगालैंड : नगालैंड सीट पर बीजेपी समर्थ‍ित NDPP के उम्‍मीदवार तोखेहो येपथेमी ने जीत दर्ज की. तोखेहो येपथेमी को 594205 वोट मिले, कांग्रेस समर्थ‍ित NPF के उम्‍मीदवार सी अपोक जमीर को  420459 वोट मिले हैं. तोखेहो येपथेमी ने 173746 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की.  
विधानसभा सीटें...
1. उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के बिजनौर की नूरपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में सपा उम्मीदवार नईमुल हसन ने बीजेपी उम्मीदवार अवनि सिंह को 6211 मतों से मात दी है. जबकि ये सीट बीजेपी की सबसे मजबूत सीट मानी जाती थी, वहीं, सपा का इस सीट पर पहली बार खाता खुला है.
2. बिहार : यहां की जोकीहाट विधानसभा सीट पर राजद उम्मीदवार शाहनवाज आलम ने बड़ी जीत हासिल की है. शाहनवाज ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी जेडीयू के मुर्शीद आलम को 41,224 मतों के अंतर से हराया. शाहनवाज को 81,240 जबकि मुर्शीद को 40,016 मत हासिल हुए.
3. उत्तराखंड : थराली विधानसभा सीट पर बीजेपी प्रत्याशी मुन्नी देवी ने 1872 वोटों से जीत दर्ज की. उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी जीतराम को मात दी.
4. केरल : केरल के चेंगन्नुर सीट पर CPM उम्मीदवार एस चेरियां ने 20956 वोटों से जीत दर्ज की. यहां CPM को 67303 वोट, कांग्रेस को 46347 वोट और BJP को 35270 वोट मिले.
5. झारखंड : यहां की सिल्ली विधानसभा सीट पर झारखंड मुक्ति मोर्चा की सीमा महतो ने बड़ी जीत दर्ज की. उन्होंने एजेएसयू के सुदेश महतो को मात दी.
6. पंजाब : शाहकोट विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस के हरदेव सिंह लाडी ने बाजी मारी. कांग्रेस के हरदेव सिंह लाडी ने अकाली दल के नायब सिंह कोहाड़ को 38802 वोटों से हराया.
7. पश्चिम बंगाल: महेश्तला विधानसभा सीट पर TMC ने 62896 वोटों से जीत दर्ज की. यहां TMC को 104818 वोट, बीजेपी को 41993 वोट और सीपीएम को 30316 वोट मिले. टीएमसी के दुलाल दास ने बीजेपी के सुजीत घोष को मात दी.
8. मेघालय: अंपाती सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार मियानी डी शिरा ने 3191 वोटों से जीत दर्ज की. मियानी ने नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) के उम्मीदवार जी मोमीन को मात दी.
9. झारखंड : गोमिया विधानसभा क्षेत्र पर झारखंड मुक्ति मोर्चा ने बड़ी जीत दर्ज की है. गोमिया सीट पर जेएमएम उम्मीदवार बबीता देवी ने आजसू के उम्मीदवार को करीब 2000 मतों से हराया.
10. कर्नाटक : राजराजेश्वरी विधानसभा सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार मुनिरत्ना ने 25,492 वोटों से जीत दर्ज की है. यहां कांग्रेस को 108064, बीजेपी को 82572 और जेडीएस को 60360 वोट मिले. उन्होंने बीजेपी के मुनिराजू गौड़ा को मात दी है.
11. महाराष्ट्र की इस सीट पर निर्विरोध जीती कांग्रेस
महाराष्ट्र की पलूस-कडेगाव विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में कांग्रेस के विश्‍वजीत कदम ने निर्विरोध जीत हासिल कर ली है. यह सीट विश्‍वजीत के पिता और वरिष्‍ठ कांग्रेस नेता पतंगराव कदम के निधन से खाली हुई थी. यहां पर पहले बीजेपी ने कांग्रेस प्रत्याशी विश्वजीत कदम के खिलाफ संग्राम सिंह देशमुख को उतारा था, लेकिन आखिरी वक्त उन्होंने नामांकन वापस ले लिया.


बाबुल इनायत
9507860937
सोशल मीडिया प्रभारी,राष्ट्रीय जनता दल अररिया बिहार


Tuesday, April 3, 2018

आरक्षण का मैं समर्थन करता हूँ। बाबुल इनायत

मैं आरक्षण समर्थक हूँ ,हमलोग दलित,आदिवासी,अतिपिछड़ा,पिछड़ा के साथ एक कतार में खड़े हैं ,इस पर आप हमसे बहस कर सकतें हैं,इस लाइन में खड़े लोगों को प्रतिनिधित्व के अवसरों की घोर कमी आज खलती है।इस पर सार्थक बात होनी चाहिए।जब तक जाती श्रेष्ठ का आरक्षण देश मे रहेगा ,आरक्षण भी रहेगा।
जिस आरक्षण की हम यहाँ बात करना चाहते हैं, वो प्रतिनिधित्व के लिये है, किसी पहचाने हुए वंचित समुदाय को तमाम सामाजिक बाधाओं से बचाकर उनको सिस्टम में पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिलाने के लिये है। नौकरी देकर गरीबी हटाना इसका मकसद नहीं है, इतनी नौकरी हैं ही नहीं।
कभी सोचा है की हम क्यों पाकिस्तान के योग्यतम आदमी को अपने कोर्ट मे जज नहीं बना सकते? अगर मेरिट ही एकमात्र पैमाना है तो हमे अपनी सारी नौकरियाँ पूरे विश्व के लिये क्यों नहीं खौल देनी चाहिये? सरकारी भी और प्राइवेट भी।पर क्या फिर हमारे कथित दिमाग वाले नौकरी ले पायेंगे?
आप लोग एक उदहारण से समझिये-अब अगर संयुक्त राष्ट्र मे भारत के प्रतिनिधित्व के लिये एक पोस्ट निकलती है, तो इस बात फर्क नहीं पड़ता की भारत से चुना जाने वाला व्यक्ति अमीर है या गरीब।लेकिन उसका भारतीय होना सबसे जरूरी है।साथ ही ये भी समझने की कोशिश करें की संयुक्त राष्ट्र ने एक जॉब इसलिये नहीं निकाली थी की उसे किसी एक भारतीय की गरीबी इस जॉब से मिटानी है, बल्कि इसलिये निकाली ताकि कोई एक चुना हुआ व्यक्ति भारत की आवाज संयुक्त राष्ट्र मे रख सके।
आज 10%लोग ९०%से अधिकतर पदों पर बैठे हैं इसमे 90%आवादी वाले लोगों का प्रतिनिधित्व आप देख सकतें हैं नगण्य है।
आरक्षण का उद्देश्य ये कतई नहीं है की किसी समाज के हर व्यक्ति का कल्याण आरक्षण के ही मध्यम से होगा, बल्कि आरक्षण केवल उस वर्ग के लोगों को तरह तरह के क्षेत्रो मे प्रतिनिधित्व दिलाता है ताकि उस वर्ग के लोगों को जो भेदभाव उच्च वर्गीय कर्मियों द्वारा झेलने पड़ते हैं, उनमे कुछ कमी आ सके और वंचित वर्ग की भी आवाज़ सुनी जा सके। इसलिए आरक्षण आबादी के अनुपात मे मिलता है, ग़रीबी के नहीं।
प्रतिनिधित्व कौन करेगा ये सवाल सामने होता है, ताकी नौकरी और रोज़गार किसे दिया जाए, क्योंकि प्रतिनिधित्व से नौकरी और रोज़गार भी मिलता है और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है, तो ज़्यादातर बंधु आरक्षण को सिर्फ़ नौकरी, रोज़गार और ग़रीबी हटाने का साधन मान बैठे हैं, जो की ग़लत है.
बाबुल इनायत
9507860937



Monday, March 26, 2018

लालू नाम है उस इंसान का जिन्हें जेल ओर हॉस्पिटल में स्लो पोवाईजन देकर मौजूदा निजाम मार डालने की साजिश रच रही है। बाबुल इनायत

आज़ाद हिंदुस्तान के किसी भी सूबे के उस मुख्यमंत्री का नाम बताओ जिन्होंने अपने पहले ही कार्यकाल के पहले दो वर्षों में ही पांच-पांच विश्वविद्यालय खोल दिए। नहीं मालूम है या जानबूझकर आपको आज तक मनुवादी से लेकर ख़ुद को प्रगतिशील कहने वाली मीडिया तक, किसी ने भी बताना ज़रूरी नहीं समझा? लालू नाम है उस इंसान का जिन्हें जेल और हॉस्पिटल में स्लो प्वॉइजन देकर मौजूदा निजाम मार डालने की साज़िश रच रही है। तुम यूं ही चुप बैठे रहोगे, कायरो, कृतघ्नो! तुम्हें मालूम भी है कि उसी शख़्स की शरीक़े-हयात जिन्हें मीडिया ने तुम्हारे सामने 'जाहिल-अनपढ़-गंवार-दब्बू' के रूप में पेश किया; ने सत्ता संभालने के 8 महीने के भीतर 1998 में एक और युनिवर्सिटी खोलने का काम किया, नाम है- मौलाना मजहरूल हक़ अरबी-फारसी विश्वविद्यालय, पटना! कब तक झाल बजाते रहोगे 24 कैरटिया कीर्तनिया मंडली में! निकलो बाहर और दक्षिण की तरफ नज़र दौड़ाओ। चंद्रबाबू ने राह अलग पकड़ी, तो बेटे के ऊपर छापे पड़ने शुरू हो गए। कल तक वो दूध के धुले थे। इ तोतवन की असलियत पकड़ो-बूझो और गांव-जवार में जाके समझाओ-बताओ। कब तक पटना विलासिता के रंग में डूबा रहेगा और तुम्हारी पूंजी लुटती रहेगी! लखनऊ तो संभल रहा है, पटना तुम डगमगाओ मत। बताओ, कल का छोरा मुख्यमंत्री को आंख दिखा रहा है। किन्ने सुतल है महराज कि उ भी नाम के मुताबिक़ मनुए है! बड़ा ला एंड आडर का होहल्ला कइले था। लालू इहे सब नै होने देते थे तो बड़ा भकभकाते रहता था पोंगापंथी। अब देख भाई, उ सब के विरोध करते-करते तू भी ओकरे ऐसन मत हो जाना। नै तो फिर लालू की लड़ाई का मतलब का रह जाएगा! इरादे नहीं बदलने चाहिए, हौसले नहीं चकनाचूर होने चाहिए। जुल्म करो मत जुल्म सहो मत। जीना है तो मरना सीखो क़दम-क़दम पर लड़ना सीखो। लोहया
बाबुल इनायत
9507860937
सोशल मीडिया प्रभारी,राजद अररिया बिहार